पहली बार गांव में उतरा हेलीकॉप्टर ।मजदूर की बेटी की हुई विदाई। जानिए रोचक किस्सा [EXCLUSIVE STORY]

.                                                                       NEWS DESK(COBRA TELEVISION)  बीपीएल परिवार की एक बेटी की शादी के बाद विदाई हेलिकाप्टर से हुई। हांसी  में गांव रामपुरा के साधारण परिवार का बेटा अपनी दुल्हनियां को लेने के लिए हेलिकाप्टर से गोहाना के गांव हसनगढ़ आया। डोली लेकर हेलिकाप्टर से गया। गांव में पहली बार हेलिकाप्टर से दुल्हे का आना ग्रामीणों के लिए कौतूहल का विषय बना हुआ है। अपने बेटे की शादी को यादगार बनाने के लिए दुल्हे के पिता ने इंतजाम किया ।हिसार जिले के अंतर्गत हांसी क्षेत्र के गांव रामपुरा निवासी सतबीर करीब सवा साल पहले गोहाना क्षेत्र के गांवहसनगढ़ में एक कार्यक्रम में आया था ।उसकी नजर  उस गांव के मजदूर सतवीर सिंह यादव की बेटी संतोष पर  पड़.गयी ।वे.उसकी सादगी से काफी प्रभावित हो गए। और उन्होंने उसी समय अपने बेटे संजय की शादी उससे कराने की सोच ली थी।

इसके करीब 1 सप्ताह बाद 1 जनवरी 2018 को सभी परिजनों को लेकर गांव हसनगढ़ पहुंचे और सतवीर सिंह ने अपने बेटे के लिए संतोष का हाथ मांगते हुए रिस्ता भी पक्का कर दिया। शादी यादगार बनाने के लिए साथ ही बिना दहेज बेटे की शादी कर मिसाल भी देना चाहते थे ।सतबीर अपने बेटे की शादी को यादगार बनाने के लिए हेलीकॉप्टर से डोली लेकर जाना चाहते.थे ।लेकिन उनके पास मात्र 3 एकड़ जमीन थी ,और पारिवारिक पृष्ठभूमि  साधारण थी। ऐसे में पैसों का इंतजाम काफी मुश्किल था।लेकिन इसी दौरान उनकी हांसी में नेशनल हाईवे पर जमीन पर सरकार ने अधिग्रहण कर लिया ।इस पैसे को खर्च कर अपने बेटे की शादी को यादगार बनाने की राह निकाल ली और  70 हजार रुपए पृति घंटे के हिसाब से हेलीकॉप्टर बुक किया और संतोष को उड़ाकर ले गए ।संतोष का कहना है कि बीपीएल परिवार से होने के चलते उसने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि उसकी डोली हेलीकॉप्टर से जाएगी।विदाई तो दूर , उसने तो हेलीकॉप्टर में बैठने की भी नहीं सोची थी। लेकिन अब यह हकीकत में बदल गया ।उसने बताया कि शब्दों में बयां नहीं कर पा रही , संतोष के माता पिता मजदूरी करके परिवार का खर्च चलाते हैं ,संतोष के ताऊ स्वर्गीय राजमल की पत्नी ने उसकी पढ़ाई का खर्च उठाने का संकल्प लिया। संतोष 12वीं कक्षा के बाद आगे पढ़ने के लिए 3 साल पहले जयपुर में बिजली विभाग में नियुक्ति ताउ के लड़के पवन के पास भेज दिया था ।इसी साल संतोष ने बीए पास की है।उधर संजय इस.समय बीए फाइनल में पढ़ रहा है।

1,261 total views, 3 views today